मेरठ। आज विकास भवन सभागार में जिलाधिकारी डॉ.वी.के. सिंह की अध्यक्षता में व्यापार बन्धु की बैठक अयोजित की गयी। बैठक का संयोजन अरुण कुमार पाण्डेय, उपायुक्त (प्रशासन) राज्य कर, मेरठ द्वारा कराया गया। बैठक में व्यापार बन्धु संबंधी कुल 48 समस्यायें शामिल थी, जिनसे संबंधित विभाग के प्रतिनिधियों से समस्याओं के समाधान पर चर्चा की गयी एवं कई समस्याओं का निस्तारण करते हुये समस्याएं समाप्त की गयी, जिस कारण व्यापारी बन्धुओं ने प्रसन्न होकर अध्यक्ष महोदय की धन्यवाद दिया। अध्यक्ष महोदय ने नगर निगम के अधिकारियों एवं संबंधित विभागों के अधिकारियों की समस्याओ को शीघ्र निस्तारित कराने के निर्देश दिये। अध्यक्ष महोदय ने सहायक नगर आयुक्त को भगत सिंह मार्केट, खैर नगर मार्केट आदि चौराहों पर खराब लाईटों को ठीक कराने के निर्देश दिये। अध्यक्ष महोदय ने सी०ओ० ट्रैफिक को शहर के मुख्य चौराहों पर लगने वाले जाम, खैर नगर बाजार में चार पहिया वाहन के आवागमन पर रोक लगाने हेतु निर्देश दिये।अध्यक्ष महोदय द्वारा पुलिस विभाग, श्रम विभाग, जिला प्रोबेशन अधिकारी, समाज कल्याण अधिकारी को संयुक्त रूप से समस्या का समाधान निकालने के निर्देश दिये गये। अध्यक्ष महोदय ने चाईनीज मांझे से होने पाली दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने हेतु एस०एस०पी० के माध्यम से पत्राचार कराते हुये समस्त थाना प्रभारी को उचित कार्यवाही करने के निर्देश दिये। मोहीउद्दीनपुर मेन बाजार नाले की नियमित सफाई हेतु बी०डी०ओ० एस०एच०ओ० और नायब तहसीलदार को नियमानुसार अतिक्रमण हटवाने के निर्देश दिये गये ताकि नाले की साफ-सफाई नियमित हो सके। अध्यक्ष महोदय द्वारा अपर आयुक्त नगर निगम को निर्देश दिये हैं कि कितनी समस्याओं का निस्तारण संगत वित्तीय वर्ष में हो पाएगा, यह लिखित रूप में बतायें और शेष का समाधान अगले वित्तीय वर्ष में कराये। अध्यक्ष महोदय द्वारा व्यापार बन्धुओं से अनुरोध किया गया कि बैठक की महत्ता को बनाये रखने हेतु व्यापार से संबंधित समस्याओं को ही बैठक में उठाया जाये। व्यक्तिगत समस्याएं बैठक में न रखी जाये। इस प्रकार बैठक सौहार्दपूर्ण वातावरण में सफलतापूर्वक सम्पन्न हुई। बैठक में सीडीओ, सिटी मजिस्ट्रेट, सचिव एमडीए, मुख्य चिकित्सा अधिकारी, सहायक नगर आयुक्त, एस०पी ० ट्रैफिक, जिला सूचना अधिकारी , सी०ई०ओ० कैण्ट बोर्ड के प्रतिनिधि, एम०डी०ए० विभाग के प्रतिनिधि, नगर निगम, प्रदूषण नियंत्रण विभाग, रेलवे विभाग, जल निगम (शहरी), श्रम विभाग, विद्युत विभाग, पंचायती राज विभाग, परिवहन विभाग के अधिकारी, परियोजना अधिकारी (डूडा), विभिन्न व्यापारी बन्धु एवं व्यापार मंडल के विभिन्न पदाधिकारी उपस्थित रहे।
